Categories
News

हाइड्रो प्रोजेक्ट की टनल में बहुत सारी जिन्दगियाँ हुई दफ़न, लगातार शवों के मिलने का सिलसिला जारी है

उत्तराखंड के चमोली में आई आपदा में तपोवन में एनटीपीसी के निर्माणाधीन हाइड्रो प्रोजेक्ट की टनल से शवों के मिलने का सिलसिला लगातार जारी है. रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान आज भी यहां से तीन शव बरामद किए गए हैं.

आपदा के बाद से ही टनल के नीचे एसएफटी (सिल्ट फ्लशिंग टनल) तक पहुंचने में बाधा बन रहे मलबे के विकल्प के तौर पर आजमाया गया ड्रिलिंग का काम रविवार को अंजाम तक तो पहुंचा, लेकिन इसने कई जिंदगियों को बचाने के लिए पिछले आठ दिनों से चलाए जा रहे रेस्क्यू आपरेशन के हौसले पस्त कर दिए.

एसएफटी के मलबे से पटे होने की जानकारी मिलने से रेस्क्यू टीम, प्रशासन और टनल में फंसे व्यक्तियों के स्वजनों को निराश कर दिया. अब तक कुल बरामद किए गए कुल 54 शवों और 22 मानव अंगों में से 29 शवों और एक मानव अंग की शिनाख्त की जा चुकी है. जिन शवों की शिनाख्त नहीं हो पाई है, उन सभी के डीएनए सैंपल संरक्षित किए गए हैं. इसके अलावा जोशीमठ थाने में अब तक कुल 179 लोगों की गुमशुदगी दर्ज की जा चुकी है, जबकि अब तक कुल 55 परिजनों के डीएनए सैंपल शिनाख्त में सहायता के लिए लिए गए हैं. राहत और बचाव का कार्य लगातार जारी है.

तबाही वाले दिन यानि 7 फरवरी को सैलाब में पुल बह जाने से मलारी समेत कई गावों का संपर्क जिले से कट गया था. कल सेना ने गावों को जोड़ने के लिए एक पैदल पुल तैयार कर दिया है. जिसकी मदद से गाँव में फसे कई लोग इस पार पहुच आये कई गाँव में पानी की सप्लाई भी प्रभावित हुयी थी जिसे अब ठीक कर दिया गया है.